आज के नेता
काजू भुनी प्लेट में ह्विस्की गिलास में। उतरा है रामराज विधायक निवास में। पक्के समाजवादी हैं तस्कर हों या डकैत इतना असर है खादी के उजले लिबास में। आजादी का वो जश्न मनायें तो किस तरह जो आ गए फुटपाथ पर घर की तलाश में। पैसे से आप चाहें तो सरकार गिरा दें संसद बदल गयी है यहाँ की नखास में। जनता के पास एक ही चारा है बगावत यह बात कह रहा हूँ मैं होशोहवास में

0 Comments:
Post a Comment
Subscribe to Post Comments [Atom]
<< Home